breaking_newsअन्य ताजा खबरेंचटपट चुटकले व शायरीजोक्सशायरी
Trending

शायरी : हथेली पर रखकर नसीब.. "तु क्यों अपना मुकद्दर ढूँढ़ता है.."

सीख उस समन्दर से.. "जो टकराने के लिए पत्थर ढूँढ़ता है.."  : जिंदगी शायरी

jindagi-shayaris shayri-ki-duniya shayari-ki-dairy sayri-hi-sayri

कौन कहता हैं की,
नेचर और सिग्नेचर कभी बदलता नही
बस एक चोट की दरकार हैं!!
अगर ऊँगली पे लगी तो सिग्नेचर, बदल जाएगा! और..
दिल पे लगी तो नेचर बदल जाएगा! 

==============

हथेली पर रखकर नसीब..
“तु क्यों अपना
मुकद्दर ढूँढ़ता है..”

सीख उस समन्दर से..
“जो टकराने के लिए
पत्थर ढूँढ़ता है..” 

==============
मैं खुश हूँ कि कोई, मेरी बात तो करता है!!
बुरा कहता है तो क्या हुआ, वो याद तो करता है ..!!
==============

यह शायरीयां भी पढ़े : 

शायरी : मांगी हुई खुशियों से, किसका भला होता है, किस्मत में जो लिखा होता है…
शायरी : नफरतों में क्या रखा हैं .., मोहब्बत से जीना सीखो..,
दिल की बात : तेरा ख्याल भी हैं….क्या गजब….ना आए तो आफत….जो आ जाए तो कयामत…..
शायरी : जाने कौन सी शौहरत पर आदमी को नाज़ है….! जो खुद, आखरी सफर के लिए भी औरों का मोहताज़ है…!!
दिलवालों की शायरी : नजरअंदाजी शौक बडा़ था उनको हमने भी तोहफे में उनको..
मोहब्बत शायरी : ऐ मोहब्बत… तुम्हारे मुस्कुराने का असर मेरी सेहत
जिंदगी-शायरी : मिलो किसी से ऐसे कि ज़िन्दगी भर की पहचान बन जाये…..
शायरी : कल शीशा था, सब देख-देख कर जाते थे….
मोहब्बत-शायरी : कुछ इस अदा से निभाना है किरदार मेरा मुझको….   
जिंदगी शायरी : अपने वजूद पे इतना तो यकीन है हमें कि 
(इनपुट सोशल मीडिया से )
jindagi-shayaris shayri-ki-duniya shayari-ki-dairy sayri-hi-sayri


आपको यह खबर कैसी लगी?

अगर आपको यह जानकारी पसंद आई है, तो इसे अपने WhatsApp दोस्तों के साथ जरूर शेयर करें।

ऐसी ही और ताज़ा खबरों के लिए 'समयधारा' (Samaydhara) से जुड़े रहें।


Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button