breaking_newsअन्य ताजा खबरेंराजनीतिक खबरेंविश्व
Trending

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने आतंकवाद रोधी कार्य में सहयोग को लेकर भारत की सराहना की

साथ ही, इस्लामिक स्टेट (Islamic state) से भाग रहे आतंकवादियों का पता लगाने की जरूरत और किसी हमले को अंजाम देने से पहले उन्हें रोके जाने को अंतरराष्ट्रीय समुदाय की एक उच्च प्राथमिकता बताया है

संयुक्त राष्ट्र, 9 मई : UN chief praises India on cooperation in counter-terrorism work- यूएन प्रमुख (UN chief) गुतारेस ने आतंक रोधी कार्य (anti terror work) में सहयोग करने के लिए भारत (India),जापान,सऊदी अरब और कतर के सतत प्रयासों को सराहा है।

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने वैश्विक संस्था (यूएन) के आतंकवाद रोधी कार्य में भारत के सहयोग की सराहना की है।

साथ ही, इस्लामिक स्टेट (Islamic state) से भाग रहे आतंकवादियों का पता लगाने की जरूरत और किसी हमले को अंजाम देने से पहले उन्हें रोके जाने को अंतरराष्ट्रीय समुदाय की एक उच्च प्राथमिकता बताया है।

यह भी पढ़े: मसूद अजहर पर लगाए प्रतिबंधों को पाकिस्तान तत्काल करेगा लागू

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने मंगलवार को संयुक्त राष्ट्र आतंकवादी यात्रा रोकथाम कार्यक्रम शुरू किए जाने के दौरान यह कहा।

श्रीलंका में ईस्टर के दिन हुए सिलसिलेवार विस्फोटों के करीब दो हफ्ते बाद संयुक्त राष्ट्र (UN) ने यह कदम उठाया है। इन हमलों की जिम्मेदारी आईएसआईएस ने ली थी।

गुतारेस ने कहा कि यह कार्यक्रम आतंकवाद रोधी (anti terror work) अंतरराष्ट्रीय सहयोग मजबूत करने, आतंकवादियों का पता लगाने, उनकी पहचान करने, उन्हें रोकने और अभियोजित करने के लिए बहुपक्षीय नेटवर्क को विस्तारित करने में और आतंकवाद से सर्वाधिक प्रभावित सदस्य देशों के पास इस खतरे से निपटने की क्षमता को सुनिश्चित करने में मदद करेगा।

गुतेरस ने कहा, ‘‘मैं संरा के आतंक रोधी कार्य में भारत (UN chief praises India in anti terror work), जापान, सउदी अरब और कतर के निरंतर सहयोग की सराहना करता हूं। ’’

उन्होंने कहा कि आईएसआईएस के शिकस्त के बाद कई आतंकी स्वदेश लौटने या सुरक्षित पनाहगाहों या दुनिया के संकटग्रस्त हिस्सों में जाने की कोशिश कर रहे हैं।

यह भी पढ़े: संयुक्त राष्ट्र ने मसूद अजहर को ग्लोबल आतंकी घोषित किया,भारत की बड़ी कूटनीतिक जीत

उन्होंने कहा कि इनमें से कई आतंकी अच्छी तरह से प्रशिक्षित हैं और वे भविष्य में आतंकी हमलों को अंजाम दे सकते हैं। अन्य के कट्टरपंथ फैलाने और अपने उद्देश्य के लिए नये साथियों की भर्ती करने की संभावना है।

गुतेरस ने कहा कि किसी हमले को अंजाम देने से पहले इन आतंकवादियों और अन्य खतरनाक अपराधियों का पता लगाना अंतरराष्ट्रीय समुदाय के लिए एक उच्च प्राथमिकता है।

यह भी पढ़े: श्रीलंका में बम ब्लास्ट के बाद सरकार-पुलिस में ठनी, राष्ट्रपति का आदेश मानने से इंकार

(इनपुट एजेंसी से भी)

Watch This:

Tags

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: