
Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date: शीतला अष्टमी कब है?
हर साल चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को श्रद्धा और भक्ति के साथ शीतला अष्टमी (Sheetala Ashtami) या बसौड़ा (Basoda) का पर्व मनाया जाता है।
हिंदू पंचांग के अनुसार Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date होली के लगभग आठ दिन बाद आती है, इसलिए कई राज्यों में इसे होली आठे (Holi Aathe) के नाम से भी जाना जाता है।
दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और मध्य भारत के कई हिस्सों में लोग इस दिन मां शीतला देवी (Sheetala Mata) की पूजा करते हैं और उनसे परिवार की सुख-समृद्धि तथा रोगों से मुक्ति की कामना करते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date के दिन मां दुर्गा के शीतल स्वरूप शीतला माता की पूजा की जाती है।
इस दिन देवी को ठंडे या बासी भोजन का भोग लगाया जाता है, इसलिए इस पर्व को बसौड़ा या ठंडा खाना पर्व भी कहा जाता है।
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Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date: शीतला सप्तमी और अष्टमी कब है?
कई लोगों के मन में यह सवाल रहता है कि बसौड़ा या शीतला अष्टमी 2026 कब है?
हिंदू पंचांग के अनुसार वर्ष 2026 में होली 3 मार्च को मनाई जाएगी। इसलिए होली के लगभग आठ दिन बाद शीतला अष्टमी और बसौड़ा का पर्व मनाया जाएगा।
शीतला सप्तमी 2026
- तिथि: 10 मार्च 2026, मंगलवार
- सप्तमी तिथि प्रारंभ – 10 मार्च तड़के
- सप्तमी तिथि समाप्त – 11 मार्च सुबह
जो लोग शीतला सप्तमी का व्रत रखते हैं, वे इस दिन माता शीतला की पूजा करते हैं।

शीतला अष्टमी 2026
- तिथि: 11 मार्च 2026, बुधवार
- अष्टमी तिथि प्रारंभ – 11 मार्च
- अष्टमी तिथि समाप्त – 12 मार्च सुबह
उदयातिथि के अनुसार 11 मार्च 2026 को शीतला अष्टमी या बसौड़ा मनाया जाएगा।
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Sheetala Ashtami 2026 Puja Shubh Muhurat
Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date पर माता शीतला की पूजा सूर्योदय से पहले की जाती है।
- पूजा का शुभ समय – सुबह लगभग 5:45 से 6:45 बजे तक
- इस समय भक्तजन स्नान करके माता शीतला की पूजा-अर्चना करते हैं।
Basoda या Sheetala Ashtami 2026 पर क्या करते हैं?
बसौड़ा या शीतला अष्टमी के दिन माता शीतला को बासी या ठंडे भोजन का भोग लगाया जाता है।
इस दिन एक खास परंपरा होती है कि भोजन एक दिन पहले रात को बनाकर रखा जाता है और अगले दिन माता को वही भोजन अर्पित किया जाता है।
माता शीतला को भोग में आमतौर पर ये चीजें चढ़ाई जाती हैं:
- गुड़ के चावल
- दही
- हलवा-पूरी
- ऐठी-गेंठी
- मीठा चावल
- रबड़ी
पूजा के बाद वही प्रसाद परिवार के सभी सदस्य ग्रहण करते हैं।

Basoda या Sheetala Ashtami Puja Vidhi
Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date के दिन पूजा करने की विधि इस प्रकार है:
- सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ वस्त्र धारण करें।
- सूर्योदय से पहले माता शीतला की पूजा करें।
- पूजा के समय हाथ में फूल, अक्षत और जल लेकर व्रत का संकल्प लें।
- शीतला माता को रोली, कुमकुम, सिंदूर और फूल अर्पित करें।
- माता को ठंडे भोजन का भोग लगाएं।
- शीतला स्त्रोत का पाठ करें और आरती करें।
धार्मिक मान्यता के अनुसार शीतला माता की पूजा में अग्नि का प्रयोग नहीं किया जाता और इस दिन घर में चूल्हा नहीं जलाया जाता।
Basoda या Sheetala Ashtami का धार्मिक महत्व
Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है।
मान्यता है कि जो भी भक्त सच्चे मन से माता शीतला की पूजा करता है, उसके जीवन से रोग और कष्ट दूर हो जाते हैं।
शीतला माता को रोगों की देवी माना जाता है। ऐसा विश्वास है कि उनकी पूजा से चेचक, खसरा, नेत्र रोग और अन्य बीमारियों से रक्षा होती है और जीवन में सुख-शांति आती है।
Basoda पर बासी भोजन क्यों खाया जाता है?
बसौड़ा या शीतला अष्टमी के दिन बासी भोजन खाने की परंपरा बहुत पुरानी है।
इस दिन एक दिन पहले भोजन बनाकर रख लिया जाता है और अगले दिन उसी भोजन को माता शीतला को भोग लगाकर परिवार के सभी सदस्य खाते हैं।
इस परंपरा के पीछे यह मान्यता है कि इस दिन घर में चूल्हा नहीं जलाना चाहिए, जिससे वातावरण शीतल बना रहता है और देवी प्रसन्न होती हैं।
होली के बाद मौसम में बदलाव शुरू हो जाता है और गर्मी बढ़ने लगती है। इसलिए इस पर्व को शीत ऋतु के अंत और ग्रीष्म ऋतु के आगमन का प्रतीक भी माना जाता है।
Gurugram का प्रसिद्ध Sheetala Mata Mandir
भारत में शीतला माता के कई मंदिर हैं, लेकिन हरियाणा के गुरुग्राम में स्थित शीतला माता मंदिर का विशेष महत्व माना जाता है।
यह मंदिर लगभग 500 साल पुराना माना जाता है और यहां हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन करने आते हैं।
मंदिर परिसर में शनिदेव, भैरव जी, राधा-कृष्ण, राम दरबार, हनुमान और मां दुर्गा के भी मंदिर हैं।
यहां बने पवित्र सरोवर का भी विशेष महत्व है और कई श्रद्धालु अपने बच्चों का मुंडन संस्कार कराने के लिए यहां आते हैं।

Basoda-Sheetala Ashtami 2026 Holi Aathe Date का सार
- होली 2026: 3 मार्च
- शीतला सप्तमी 2026: 10 मार्च
- शीतला अष्टमी / बसौड़ा 2026: 11 मार्च
इस दिन माता शीतला की पूजा करके भक्तजन सुख, शांति और आरोग्य की कामना करते हैं।
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