विश्वbreaking_newsअन्य ताजा खबरेंराजनीतिक खबरें
Trending

बांग्लादेश की सख्त मांग: भारत से शेख हसीना को सौंपने की अपील, बढ़ा तनाव

Sheikh Hasina Extradition Case:मौत की सजा के बाद बांग्लादेश का भारत को डिप्लोमैटिक नोट—क्या होगी अगली कार्रवाई?

वर्ल्ड डेस्क :Sheikh Hasina Extradition Case-शेख हसीना प्रत्यर्पण मामले(Sheikh Hasina Extradition Case) में अब काफी उबाल आ गया है।

बांग्लादेश(Bangladesh)में मोहम्मद युनूस(MuhammadYunus)के नेतृत्व वाली अंतरिम संरकार ने भारत को एक पत्र लिखा है जिसमें बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को वापस बांग्लादेश(Bangladesh)भेजने की औपचारिक मांग की गई है।

बांग्लादेश सरकार का कहना है कि एक्सट्रैडिशन ट्रीटी के तहत हसीना पर मानवता के खिलाफ अपराधों के गंभीर आरोप साबित हुए हैं, इसलिए उन्हें बांग्लादेश को सौंपा जाना चाहिए।

ढाका(Dhaka)की एक विशेष अदालत ने 17 नवंबर को शेख हसीना को मानवता विरोधी अपराधों में दोषी ठहराते हुए मौत की सजा(Sheikh Hasina death sentenced due to crimes against humanity)सुनाई थी।

पिछले साल अगस्त में देश में बढ़ी हिंसा और राजनीतिक अस्थिरता के बीच उनकी सरकार गिर गई थी। हालात बिगड़ने के बाद 5 अगस्त को उन्होंने ढाका छोड़ दिया और तब से वे भारत में सुरक्षित शरण लेकर रह रही हैं।

 

Sheikh Hasina Extradition Case-Modi
शेख हसीना प्रत्यर्पण मामला

 

बांग्लादेश का आरोप — “अपराधियों को शरण देना उचित नहीं”

रिपोर्ट्स के मुताबिक, दिल्ली स्थित बांग्लादेश हाई कमीशन ने भारत के विदेश मंत्रालय को एक औपचारिक डिप्लोमैटिक नोट भेजा है।

इस नोट में पहली बार स्पष्ट रूप से भारत से शेख हसीना(Sheikh Hasina)को प्रत्यर्पित करने की मांग की गई है।

हालांकि इससे पहले भी बांग्लादेश कई बार इस संबंध में अनुरोध करता रहा है, लेकिन अदालत द्वारा मौत की सजा के बाद यह मांग और भी गंभीर रूप ले चुकी है।

बांग्लादेश सरकार का कहना है कि न्याय की वैश्विक नीतियों और द्विपक्षीय समझौते के अनुसार ऐसे अपराधों में दोषी पाए गए व्यक्तियों को किसी अन्य देश में शरण देना अंतरराष्ट्रीय नियमों के खिलाफ है।

 

 

 

बार-बार उठ रहा प्रत्यर्पण का मुद्दा

हसीना और पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमां खान के खिलाफ फैसला आने के बाद बांग्लादेश का विदेश मंत्रालय भी लगातार प्रत्यर्पण की मांग कर रहा(Sheikh Hasina Extradition Case) है।

उनका कहना है कि मानवता के खिलाफ अपराधों में शामिल व्यक्तियों को दूसरे देशों में सुरक्षित पनाह देना न्याय प्रक्रिया में बाधा पैदा करता है और यह कानून का उल्लंघन है।

पिछले वर्ष भी भारत को पत्र भेजा गया(bangladesh-letter-to-india)था, लेकिन उस पर भारत की ओर से कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई थी।

 

 

 

भारत की प्रतिक्रिया क्या है?

अब तक भारत(India)ने इस नए पत्र पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। पिछले साल भेजे गए पत्र का भी जवाब नहीं दिया गया था।

माना जा रहा है कि भारत फिलहाल मामले पर कूटनीतिक संतुलन बनाए रखते हुए न्यायिक और राजनयिक दृष्टिकोण अपनाए हुए है।

शेख हसीना फिलहाल भारत में सुरक्षित हैं और उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भारतीय एजेंसियों के हाथ में है।

 

अकेले टैंक और मिसाइल एक देश को नहीं बचा सकते, भारत-बांग्लादेश ने हमारी रणनीति उधार ली : पाकिस्तान

 

 

(इनपुट: एजेंसी)

 

 

 

Sheikh Hasina Extradition Case


आपको यह खबर कैसी लगी?

अगर आपको यह जानकारी पसंद आई है, तो इसे अपने WhatsApp दोस्तों के साथ जरूर शेयर करें।

ऐसी ही और ताज़ा खबरों के लिए 'समयधारा' (Samaydhara) से जुड़े रहें।


Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button