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मार्केट आज भी नीचे,बीएसई के कुल 1739 शेयरों में गिरावट

मुंबई, 21 मार्च :  देश के शेयर बाजार मंगलवार को गिरावट के साथ बंद हुए। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 33.29 अंकों की गिरावट के साथ 29,485.45 पर और निफ्टी 5.35 अंकों की गिरावट के साथ 9,121.50 पर बंद हुआ। बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स सुबह 7.14 अंकों की बढ़त के साथ 29,525.88 पर खुला और 33.29 अंकों या 0.11 फीसदी की गिरावट के साथ 29,485.45 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 29585.05 के ऊपरी और 29380.14 के निचले स्तर को छुआ।

सेंसेक्स के 30 में 15 शेयरों में तेजी और 15 में गिरावट रही। सर्वाधिक तेजी वाले शेयरों में प्रमुख रहे – आईटीसी (1.97 फीसदी), ओएनजीसी (1.60 फीसदी), इंफोसिस (1.12 फीसदी), एल एंड टी (0.73 फीसदी) और हिंदुस्तान यूनिलीवर (0.35 फीसदी)।

वहीं, डॉ. रेड्डी (4.36 फीसदी), एक्सिस बैंक (3.28 फीसदी), गेल (1.41 फीसदी) , मारुति (1.40 फीसदी) और रिलायंस (1.21 फीसदी) में सर्वाधिक गिरावट रही।

जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.1 अंकों की बढ़त के साथ 9,133.95 पर खुला और 5.35 अंकों या 0.06 फीसदी गिरावट के साथ 9,121.50 पर बंद हुआ।

बीएसई के 19 सेक्टरों में से 12 सेक्टरों में गिरावट रही। सर्वाधिक गिरावट वाले सेक्टरों में प्रमुख रहे : स्वास्थ्य सेवाएं (1.44 फीसदी), बैंकिंग (0.59 फीसदी), दूरसंचार (0.58 फीसदी), ऊर्जा (0.50 फीसदी), वित्त (0.43 फीसदी) और वाहन (0.43 फीसदी)।

वहीं, बीएसई के तेजी वाले सेक्टर रहे – रियल्टी (1.35 फीसदी), तेज खपत उपभोक्ता वस्तुएं (1.01 फीसदी), सूचना प्रौद्योगिकी (0.33 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.24 फीसदी) और पूंजीगत वस्तुएं (0.19 फीसदी)।

बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट रही। बीएसई का मिडकैप सूचकांक 63.27 अंकों की गिरावट के साथ 13853.52 पर और स्मॉलकैप 27.06 अंकों की गिरावट के साथ 14027.93 पर बंद हुआ।

शेयर बाजार में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। बीएसई के कुल 1,058 शेयरों में तेजी रही, 1739 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 177 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।

–आईएएनएस

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Dharmesh Jain

धर्मेश जैन www.samaydhara.com के को-फाउंडर और बिजनेस हेड है। लेखन के प्रति गहन जुनून के चलते उन्होंने समयधारा की नींव रखने में सहायक भूमिका अदा की है। एक और बिजनेसमैन और दूसरी ओर लेखक व कवि का अदम्य मिश्रण धर्मेश जैन के व्यक्तित्व की पहचान है।

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