breaking_newsHome sliderअन्य ताजा खबरेंदेशराज्यो की खबरें

दिल्ली विश्वविद्यालय में हिंसा तथा नारेबाजी के पीछे भाजपा के लोग हैं : केजरीवाल

नई दिल्ली, 1मार्च  :  दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को उप राज्यपाल अनिल बैजल से ‘दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) में हुई हिंसा के लिए जिम्मेदार अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं’ की गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने साथ ही कहा कि उप राज्यपाल ने उन्हें इस मामले में ‘कड़ी कार्रवाई’ का आश्वासन दिया है। आम आदमी पार्टी (आप) नेता ने ट्वीट कर कहा कि उन्होंने बैजल से मुलाकात कर उन लोगों की गिरफ्तारी की मांग की, जिन्होंने ‘डीयू में हिंसा की, भारत विरोधी नारे लगाए और (डीयू छात्रा) गुरमेहर (कौर) को धमकियां दीं।’

बैठक के बाद उप राज्यपाल बैजल ने भी ट्वीट किया, “दिल्ली के मुख्यमंत्री ने मुझसे राजनिवास में मुलाकात की। मैंने उन्हें भरोसा दिलाया है कि कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”

केजरीवाल ने 22 फरवरी को रामजस कॉलेज में हुई हिंसा के बाद उप राज्यपाल से मुलाकात की है। इस घटना में विद्यार्थियों, शिक्षकों व पत्रकारों पर हमला किया गया था। इस घटना के लिए एबीवीपी को जिम्मेदार ठहराया गया है।

रामजस कॉलेज में एक संगोष्ठी को संबोधित करने के लिए जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के छात्रों उमर खालिद तथा शहला राशिद को आमंत्रित किए जाने के खिलाफ एबीवीपी ने इस कार्यक्रम को रद्द करने के लिए बाध्य कर दिया था। इस घटना के एक दिन बाद 22 फरवरी को ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) और एबीवीपी के बीच रामजस कॉलेज के बाहर झड़प हो गई थी।

उमर खालिद का नाम उन छात्रों की फेहरिस्त में शामिल है, जिन पर जेएनयू में एक कार्यक्रम के दौरान देश-विरोधी नारे लगाने को लेकर देशद्रोह का मुकदमा चल रहा है, जबकि जेएनयू छात्र संघ की पूर्व सदस्य शहला राशिद ने छात्रों की गिरफ्तारी के बाद हुए आंदोलन में हिस्सा लिया था।

बाद में, लेडी श्रीराम कालेज की छात्रा और कारगिल युद्ध में शहीद हुए सेना के एक कैप्टन की बेटी गुरमेहर कौर ने रामजस कॉलेज में हुई हिंसा के मद्देनजर एबीवीपी के खिलाफ सोशल मीडिया पर अभियान शुरू किया था, जिसके बाद उन्हें सोशल मीडिया पर दुष्कर्म और जान से मारने की धमकी दी गई थी। इसकी व्यापक पैमाने पर भर्त्सना की गई।

उप राज्यपाल से मुलाकात के बाद केजरीवाल ने कहा कि जिन लोगों ने कारगिल शहीद की बेटी को धमकियां दीं, उन्हें तत्काल गिरफ्तार किया जाना चाहिए, ताकि एक संदेश जाए कि प्रशासन व पुलिस को इस तरह की गतिविधियां बर्दाश्त नहीं हैं।

उन्होंने कहा, “उप राज्यपाल ने भरोसा दिलाया है कि उन लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, जो हिंसा में शामिल थे और जिन्होंने गुरमेहर (कौर) को धमकियां दीं।”

केजरीवाल ने आरोप लगाया कि दिल्ली विश्वविद्यालय में हिंसा तथा नारेबाजी के पीछे भाजपा के लोग हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा, “उन्होंने (भाजपा) अपने लोगों को भारत-विरोधी नारेबाजी के लिए भेजा और इसके बाद उनके समर्थक वहां पहुंचे और नारेबाजी का आरोप लगाते हुए दूसरे लोगों की पिटाई की।”

केजरीवाल ने कहा, “एक बार जब दोषी पकड़े जाएं, तो यह स्पष्ट हो जाएगा कि कॉलेज परिसर में हिंसा तथा नारेबाजी के पीछे भाजपा के लोग हैं।”

उन्होंने कहा कि जेएनयू में भारत-विरोधी नारेबाजी करने वाले लोगों को अब तक गिरफ्तार नहीं किया गया, जबकि उनकी तस्वीरें तथा वीडियो मौजूद हैं, इसका कारण है कि वे उनके (भाजपा) अपने लोग हैं।

केजरीवाल ने भाजपा पर गंदी राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा, “देश भाजपा की गंदी राजनीति को बर्दाश्त नहीं करेगा। अब युवा तथा छात्र भाजपा के खिलाफ हैं। माता-पिता अपने बच्चों को लेकर चिंतित हैं।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “मैं केवल आप नहीं, बल्कि पूरी दिल्ली का मुख्यमंत्री हूं। इसी तरह किरण रिजिजू पूरे देश के गृह राज्य मंत्री हैं, इसलिए हम तंत्र का हिस्सा हैं। तंत्र के हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है कि वह गुरमेहर की सुरक्षा करे और दोषियों को दंडित करे।”

–आईएएनएस

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

three × four =

Back to top button