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Sunday Thoughts in Hindi : मुसीबतों से भागना,नयी मुसीबतों को निमंत्रण देने के समान है….

जीवन में समय-समय पर चुनौतियों एंव मुसीबतों का सामना करना पड़ता है, एंव यही जीवन का सत्य है एक शांत समुन्द्र में नाविक कभी भी कुशल नहीं बन पाता

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मुसीबतों से भागना,

नयी मुसीबतों को निमंत्रण

देने के समान है

जीवन में समयसमय पर

चुनौतियों एंव मुसीबतों का

सामना करना पड़ता है

एंव यही जीवन का सत्य है

एक शांत समुन्द्र में नाविक

कभी भी कुशल नहीं बन पाता

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नफरत,भेदभाव,लालच

और अहंकार के रावण को,

प्यार,समानता, समर्पण

और स्वाभिमान को है जलाना,

इस वर्ष हम सबको

ऐसे ही गणतंत्र दिवस है  मनाना  

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कभी भी अपनी

जिस्मानी ताकत और दौलत पर

भरोसा मत करना क्योंकि 

बीमारी और गरीबी आने में 

देर नहीं लगती 

समझे बिना किसी को

पसंद ना करो

और समझे बिना किसी को

खो भी मत देना।

क्योंकि फिक्र दिल में होती हैं

शब्दों में नहीं

और गुस्सा शब्दों में होता हैं

दिल में नहीं॥

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Thursday Thoughts : कल शीशा था, सब देख-देख कर जाते थे, आज टूट गया..,

Wednesday Thoughts : प्रत्येक व्यक्ति अलग होता है, हर किसी की क्षमता और कमजोरियां

Monday Thoughts : कटीली झाड़ियों पर ठहरी हुई बूंदों ने बस यही बताया है….,

Sunday Thoughts : वक्त और किस्मत पर कभी घमंड मत करों 

( इनपुट सोशल मीडिया से )

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Dropadi Kanojiya

द्रोपदी कनौजिया पेशे से टीचर रही है लेकिन अपने लेखन में रुचि के चलते समयधारा के साथ शुरू से ही जुड़ी है। शांत,सौम्य स्वभाव की द्रोपदी कनौजिया की मुख्य रूचि दार्शनिक,धार्मिक लेखन की ओर ज्यादा है।

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